श्रावस्ती। अंतरराष्ट्रीय सुरक्षित गर्भसमापन दिवस के अवसर पर बुधवार शाम कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय अंतरविभागीय अभिशरण एवं संवेदीकरण कार्यशाला आयोजित की गई। जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग की अध्यक्षता में हुई कार्यशाला में सुरक्षित गर्भसमापन से जुड़ी जानकारी और जागरूकता को लेकर चर्चा की गई। स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. दीपशिखा और आई-पास संस्था की डॉ. प्रतीक्षा ने पीपीटी के माध्यम से सुरक्षित गर्भसमापन के संबंध में अद्यतन जानकारी प्रस्तुत की।
कार्यशाला में जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को स्वास्थ्य विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर जागरूकता गतिविधियां संचालित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विशेष रूप से महिला एवं बाल विकास तथा माध्यमिक शिक्षा विभाग से आशा कार्यकर्ताओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और अन्य संबंधित लोगों को इस विषय के प्रति संवेदित करने पर जोर दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि यह संवेदनशील मुद्दा है और किशोरियों एवं महिलाओं को इसके बारे में जागरूक करने की आवश्यकता है।
जिलाधिकारी ने जिले स्तर पर सुरक्षित गर्भसमापन सप्ताह आयोजित करने के भी निर्देश दिए। कार्यशाला में सुरक्षित गर्भसमापन से संबंधित जानकारी को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने और संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जागरूकता से जुड़ी गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित किया जाए, ताकि महिलाओं और किशोरियों तक आवश्यक जानकारी पहुंच सके।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अशोक कुमार सिंह, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी एवं नोडल अधिकारी एमटीपी डॉ. उदयनाथ, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजपाल सिंह, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. दीपशिखा, डॉ. प्रतिभा तिवारी, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के अधीक्षक और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी मौजूद रहे। आई-पास संस्था लखनऊ से डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी और डॉ. प्रतीक्षा ने भी कार्यशाला में प्रतिभाग किया।





















