कतर्नियाघाट वन्यजीव प्रभाग की मोतीपुर रेंज के चंदनपुर ग्राम सभा स्थित गोकुलपुर गांव में वन विभाग ने एक तेंदुए का सुरक्षित रेस्क्यू किया। सोमवार सुबह करीब 4:30 बजे तेंदुआ पिंजड़े में कैद हुआ, जिसके बाद उसे सुरक्षित स्थान पर ले जाकर स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। बताया गया कि पिछले करीब 15 दिनों से गोकुलपुर गांव और आसपास के इलाकों में तेंदुए की लगातार आवाजाही देखी जा रही थी। ग्रामीणों को तेंदुए के पगचिह्न भी मिले थे। इसके अलावा मवेशियों के शिकार की शिकायतें भी वन विभाग को मिल रही थीं। ग्रामीणों की सुरक्षा को देखते हुए वन विभाग ने गांव में पिंजड़ा लगाया था।
सोमवार तड़के तेंदुआ पिंजड़े में कैद हो गया। रेस्क्यू के बाद वन विभाग की टीम उसे सुरक्षित सेफ हाउस लेकर पहुंची, जहां पशु चिकित्सक ने उसका स्वास्थ्य परीक्षण किया। जांच में तेंदुआ नर पाया गया। उसकी उम्र करीब 6 से 7 वर्ष और वजन लगभग 55 से 60 किलोग्राम बताया गया है। पशु चिकित्सक के अनुसार तेंदुआ पूरी तरह स्वस्थ और सक्रिय है तथा उसे परिवहन के लिए उपयुक्त पाया गया है।
वन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, तेंदुए के रेस्क्यू की जानकारी उच्च अधिकारियों को दे दी गई है। नियमानुसार आवश्यक अनुमति प्राप्त करने के बाद मानक प्रोटोकॉल के तहत उसके संबंध में आगे की कार्रवाई की जाएगी। वन विभाग ने क्षेत्र के ग्रामीणों और आसपास रहने वाले लोगों से सतर्कता बरतने की अपील की है। अधिकारियों ने कहा कि वन्यजीवों की मौजूदगी की स्थिति में लोग सावधानी बरतें और किसी भी तरह की सूचना मिलने पर वन विभाग को तत्काल जानकारी दें।





















