अमृत उजाला
लखनऊ.दिल्ली में छात्रों के समर्थन में हुए विरोध प्रदर्शन के बाद अब आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद शनिवार को राजधानी लखनऊ में धरना देंगे। पार्टी ने इसे प्रदेशव्यापी आंदोलन का रूप देते हुए सभी जिलों में जिला मुख्यालयों पर शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन और जिलाधिकारी के माध्यम से ज्ञापन सौंपने का आह्वान किया है।
आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष अजय भारती ने अमृत उजाला से बातचीत में बताया कि सांसद चंद्रशेखर शनिवार सुबह करीब 11 बजे तक लखनऊ पहुंच जाएंगे। उनके आगमन के बाद निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार धरना शुरू होगा। पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता तैयारियों में जुटे हुए हैं।
सिर्फ बुलाए गए कार्यकर्ता ही आएं लखनऊ
चंद्रशेखर ने सोशल मीडिया पर जारी संदेश में स्पष्ट किया है कि लखनऊ में केवल वही पदाधिकारी और कार्यकर्ता पहुंचे, जिन्हें संगठन की ओर से बुलाया गया है। अन्य सभी कार्यकर्ताओं और समर्थकों से अपने-अपने जिलों में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने और जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपने की अपील की गई है।
पार्टी का कहना है कि इस रणनीति का उद्देश्य पूरे प्रदेश में एक साथ लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराना है।
दिल्ली आंदोलन की अगली कड़ी
यह धरना ऐसे समय आयोजित किया जा रहा है जब चंद्रशेखर लगातार शिक्षा व्यवस्था, छात्रों के अधिकार और लोकतांत्रिक मूल्यों से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार पर सवाल उठा रहे हैं।
हाल ही में दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई के विरोध में चंद्रशेखर संसद परिसर में बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा के पास धरने पर बैठे थे। बारिश के बीच उनका धरना सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा में रहा।
अब लखनऊ का धरना उसी आंदोलन की अगली कड़ी माना जा रहा है।
प्रदेशभर में संगठन को सक्रिय करने की कोशिश
पार्टी नेतृत्व का मानना है कि राजधानी के साथ-साथ सभी जिलों में समानांतर धरना-प्रदर्शन से संगठनात्मक मजबूती भी मिलेगी। पिछले कुछ महीनों में आजाद समाज पार्टी लगातार विभिन्न जन मुद्दों को लेकर आंदोलन कर रही है। इससे पहले पार्टी ‘व्यवस्था परिवर्तन दिवस’ और ‘सत्ता परिवर्तन यात्रा’ जैसे अभियान भी चला चुकी है।
शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अपील
चंद्रशेखर ने कार्यकर्ताओं से अपील की है कि सभी कार्यक्रम पूरी तरह शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से आयोजित किए जाएं। पार्टी ने प्रशासनिक नियमों का पालन करते हुए लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने पर जोर दिया है।
प्रशासन भी अलर्ट
सांसद चंद्रशेखर के प्रस्तावित धरने को देखते हुए राजधानी लखनऊ में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाए जाने की संभावना है। वहीं, विभिन्न जिलों में भी स्थानीय प्रशासन प्रदर्शन को लेकर सतर्क है। बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के जुटने की संभावना के बीच पुलिस और प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए हैं।






