श्रावस्ती। जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग की अध्यक्षता में सोमवार शाम कलेक्ट्रेट सभागार में जिला पोषण समिति एवं सम्भव अभियान-6.0 की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में नवजात शिशुओं, बच्चों, गर्भवती और धात्री महिलाओं के पोषण एवं स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। डीएम ने अधिकारियों को योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतने की चेतावनी देते हुए कहा कि पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ समय से पहुंचना चाहिए।
बैठक में पोषण ट्रैकर ऐप पर एफआरएस के माध्यम से पोषाहार वितरण और अन्य जरूरी डाटा की फीडिंग कम मिलने पर जिलाधिकारी ने सभी सीडीपीओ को शत-प्रतिशत लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी आंगनबाड़ी केंद्र प्रतिदिन खोले जाएं और सीडीपीओ व मुख्य सेविकाएं नियमित रूप से केंद्रों का निरीक्षण करें। निरीक्षण में सिरसिया की मुख्य सेविका द्वारा नियमित भ्रमण नहीं किए जाने की बात सामने आने पर डीएम ने उनका एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए।
डीएम ने सभी पात्र लाभार्थियों को एफआरएस के माध्यम से निर्धारित मानक के अनुसार पोषाहार उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि अगस्त माह का पोषाहार वितरण 27 अगस्त से पहले पूरा कराया जाए। इसके अलावा गर्भवती महिलाओं की चतुर्थ एएनसी फीडिंग, गर्भकालीन वजन वृद्धि, धात्री माताओं और छह माह तक के बच्चों से जुड़े आंकड़ों को समय से अपडेट करने के निर्देश दिए गए। बच्चों की ग्रोथ मॉनिटरिंग और कुपोषित बच्चों के फॉलोअप की भी समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने कहा कि पोषण संबंधी योजनाओं का सही असर तभी दिखाई देगा, जब आंगनबाड़ी केंद्रों पर नियमित गतिविधियां हों और लाभार्थियों का वास्तविक डाटा पोषण ट्रैकर पर दर्ज किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने और निर्धारित समय सीमा में लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शाहिद अहमद, जिला विकास अधिकारी रामसमुझ, जिला कार्यक्रम अधिकारी अरविंद रस्तोगी, सीडीपीओ, मुख्य सेविकाएं, प्रभारी चिकित्साधिकारी और सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।





















