सुलतानपुर। करौंदीकला विकास खंड कार्यालय में सरकारी कामकाज में बाधा डालने, कर्मचारियों के साथ अभद्रता करने और सरकारी अभिलेख फाड़ने का मामला सामने आया है। सहायक विकास अधिकारी (सहकारिता) आलोक मिश्रा ने आरोप लगाया है कि अशोक निषाद समेत कुछ लोग कार्यालय में पहुंचे और ₹50 हजार की रंगदारी की मांग की। आरोप है कि रकम देने से इनकार करने पर सरकारी कागजात फाड़ दिए गए और जान से मारने की धमकी दी गई।
मामले का एक दूसरा आरोप सफाईकर्मी अर्जुन से जुड़ा है। बताया गया कि भटौतातुलसी पट्टी में सफाईकर्मी को रास्ते में रोककर उसके साथ गाली-गलौज और धमकी दी गई। आरोप है कि दबाव बनाकर उसके मोबाइल से ऑनलाइन रुपये भी ट्रांसफर कराए गए। घटना की जानकारी सामने आने के बाद ब्लॉक कार्यालय के कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ गई है।
कर्मचारियों का कहना है कि यदि सरकारी कार्यालय में घुसकर इस तरह दबाव बनाया जाएगा और सरकारी काम में बाधा डाली जाएगी तो कर्मचारियों के लिए काम करना मुश्किल हो जाएगा। मामले में तत्काल मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की जा रही है। कर्मचारियों ने चेतावनी दी है कि यदि पुलिस की ओर से जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे सामूहिक रूप से धरने पर बैठने का कदम उठा सकते हैं।
वहीं, करौंदीकला थानाध्यक्ष अश्वनी सिंह ने बताया कि वह फिलहाल हाईकोर्ट के कार्य से बाहर हैं। उनके अनुसार वापस लौटने के बाद मामले की पूरी जानकारी ली जाएगी और तथ्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल कर्मचारियों की नजर पुलिस की अगली कार्रवाई पर है और पूरे मामले को लेकर ब्लॉक परिसर में माहौल तनावपूर्ण बताया जा रहा है।






















