नई दिल्ली। देशभर के बैंक कर्मचारियों के एक बार फिर हड़ताल पर जाने की संभावना जताई जा रही है। कर्मचारियों की ओर से 11 सितंबर को हड़ताल का आह्वान किए जाने की बात सामने आई है। अगर हड़ताल होती है तो बैंकिंग सेवाओं पर इसका असर पड़ सकता है और ग्राहकों को लेनदेन समेत कई कामों में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
बैंक कर्मचारियों की नाराजगी की प्रमुख वजहों में पांच दिन की बैंकिंग व्यवस्था लागू करने में हो रही देरी शामिल है। लंबे समय से बैंक कर्मचारियों की ओर से सप्ताह में पांच दिन बैंक खोलने और शनिवार-रविवार अवकाश की मांग की जा रही है। इस मांग पर अपेक्षित फैसला नहीं होने से कर्मचारियों में असंतोष बढ़ रहा है।
इसके अलावा पेंशन से जुड़े लंबित मुद्दों का समाधान नहीं होने को लेकर भी कर्मचारी संगठन नाराज हैं। इन्हीं मांगों को लेकर सितंबर-अक्टूबर के दौरान आंदोलन और हड़ताल का सिलसिला देखने को मिल सकता है। हालांकि अंतिम कार्यक्रम और हड़ताल से जुड़ी स्थिति संबंधित कर्मचारी संगठनों के फैसले पर निर्भर करेगी।
अगर 11 सितंबर को हड़ताल होती है तो बैंक ग्राहकों को सलाह है कि वे जरूरी बैंकिंग काम पहले ही निपटा लें। हालांकि डिजिटल बैंकिंग, UPI और एटीएम जैसी सेवाओं पर असर बैंक और संबंधित सेवाओं की स्थिति के अनुसार अलग-अलग हो सकता है। हड़ताल की अंतिम स्थिति और बैंक संगठनों की घोषणा के बाद तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।





















