दो दिन में समाधान का आश्वासन
चंदौली। कंदवा क्षेत्र के अमड़ा विद्युत उपकेंद्र से जुड़े ग्रामीणों ने गुरुवार को लो वोल्टेज और अनियमित बिजली आपूर्ति से परेशान होकर उपकेंद्र के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया और धरने पर बैठ गए। बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए उपभोक्ताओं ने तत्काल समस्या के समाधान की मांग की। मौके पर पहुंचे विभागीय अधिकारियों ने दो दिनों के भीतर स्थायी समाधान का आश्वासन दिया, जिसके बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया।
135 गांवों की बिजली व्यवस्था प्रभावित
अमड़ा विद्युत उपकेंद्र के अंतर्गत ररुआ, जेवरियाबाद, बरहनी, अमड़ा, विश्व बैंक, ककरैत, असना समेत 10 फीडरों से विकास खंड बरहनी के लगभग 135 गांवों को बिजली आपूर्ति की जाती है।
ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले कई दिनों से क्षेत्र में लगातार लो वोल्टेज, घंटों की अघोषित कटौती और रोस्टर के अनुसार बिजली न मिलने से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है। किसानों, छात्रों, व्यापारियों और घरेलू उपभोक्ताओं को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है।
शिकायतों के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि कई बार विभागीय अधिकारियों को समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इससे नाराज होकर विभिन्न गांवों के लोग एकजुट होकर अमड़ा विद्युत उपकेंद्र पहुंचे और मुख्य गेट पर ताला जड़कर धरना शुरू कर दिया।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि जब तक बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं होगा, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
अधिकारियों ने दिया दो दिन में समाधान का भरोसा
धरने की सूचना मिलते ही वाराणसी जोन के द्वितीय मुख्य अभियंता प्रवेश कुमार, एसडीओ जसमीर सिंह, अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) नरेश सिंह और अवर अभियंता (जेई) जवाहर सिंह मौके पर पहुंचे।
अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और बताया कि उपकेंद्र से जुड़ी तकनीकी समस्याओं का सर्वे कराया जा चुका है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दो दिनों के भीतर लाइन, ट्रांसफार्मर और अन्य तकनीकी खामियों को दूर कर बिजली आपूर्ति सामान्य कर दी जाएगी।
दोबारा आंदोलन की चेतावनी
आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर उपकेंद्र का ताला खोल दिया, लेकिन स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा में बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो वे दोबारा बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगे।
पुलिस बल रहा तैनात
धरना-प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सदर क्षेत्राधिकारी (सीओ) देवेंद्र कुमार के नेतृत्व में कंदवा और धीना थाना पुलिस मौके पर तैनात रही। पुलिस की मौजूदगी में अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच वार्ता के बाद मामला शांतिपूर्ण ढंग से सुलझ गया।
धरने में रतन सिंह, मुन्ना फकीर, ओमप्रकाश सिंह, उदय नारायण, महेंद्र सिंह, रवि पांडेय, लक्कड़ सिंह, डब्बू राय, देवेंद्र, अखिलेश यादव, अंकुर राय, सोनू सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण और बिजली उपभोक्ता मौजूद रहे।







