श्रावस्ती में परिषदीय विद्यालयों की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने को लेकर जिला प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में परिषदीय विद्यालयों, कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों और पीएमश्री विद्यालयों में चल रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। डीएम ने अधिकारियों से कहा कि स्कूलों में बच्चों को पढ़ाई के साथ जरूरी सुविधाएं भी बेहतर तरीके से मिलनी चाहिए।
जिलाधिकारी ने जिला टास्क फोर्स के अधिकारियों को हर महीने तय लक्ष्य के अनुसार विद्यालयों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निरीक्षण के दौरान केवल योजनाओं की स्थिति देखने तक सीमित न रहें, बल्कि स्कूलों में हो रहे निर्माण और दूसरी व्यवस्थाओं को भी बारीकी से देखा जाए। किसी तरह की कमी मिलने पर संबंधित शिक्षकों और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए जाएं। उन्होंने स्कूलों में बाउंड्रीवाल, पेयजल, सामान्य और दिव्यांग शौचालय की व्यवस्था सुनिश्चित करने के साथ स्मार्ट क्लास और इंटरनेट कनेक्टिविटी को भी सुचारु रखने पर जोर दिया।
बैठक में मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता और साफ-सफाई को लेकर भी निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि बच्चों को प्रतिदिन समाचार पत्र पढ़ने के लिए प्रेरित किया जाए और मध्यान्ह भोजन निर्धारित मेन्यू के अनुसार ही तैयार हो। जिन विद्यालयों में शौचालयों का निर्माण अभी लंबित है, उन्हें जल्द पूरा कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही जो शौचालय बने हुए हैं, उनकी उपयोग की स्थिति भी जांचने को कहा गया। बंद या खराब शौचालयों को चिन्हित कर उनकी मरम्मत कराने की बात कही गई।
विद्यालयों तक पहुंचने वाले रास्तों को भी दुरुस्त कराने के निर्देश दिए गए हैं। जिलाधिकारी ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को संबंधित खंड विकास अधिकारियों और उपजिलाधिकारियों से समन्वय कर इस दिशा में कार्रवाई पूरी कराने और 15 दिन के भीतर रिपोर्ट देने को कहा। उन्होंने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता से किसी भी तरह का समझौता न करने की चेतावनी दी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी शाहिद अहमद, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आकांक्षा रावत समेत शिक्षा विभाग और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।





















