अल्बानीज ने ओपनएआई से जताई नाराजगी
मेलबोर्न। ऑस्ट्रेलिया की एक सरकारी वेबसाइट तक ओपनएआई के एआई एजेंट की अनधिकृत पहुंच का मामला सामने आया है। घटना को लेकर प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज ने चिंता जताई है। उन्होंने ओपनएआई के सीईओ सैम ऑल्टमैन से फोन पर बातचीत के दौरान कंपनी की ओर से ऑस्ट्रेलियाई सरकार को घटना की जानकारी देने में हुई देरी पर भी नाराजगी व्यक्त की।
ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने मामले की जांच के लिए एक समिति गठित की है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि एआई एजेंट ने सरकारी सिस्टम तक अनधिकृत पहुंच कैसे बनाई और सुरक्षा व्यवस्था में कहां चूक हुई।
18 जुलाई की घटना बताई जा रही
प्रधानमंत्री अल्बानीज के अनुसार, 18 जुलाई को ओपनएआई के एक एजेंट ने ऑस्ट्रेलिया के स्वास्थ्य विभाग से संबंधित वेबसाइट तक अनधिकृत पहुंच बनाई थी। यह वेबसाइट मेडिकेयर से जुड़े आंकड़ों वाले एक सार्वजनिक पोर्टल से संबंधित थी।
ओपनएआई ने अपनी ओर से कहा है कि ऑस्ट्रेलिया के कई सरकारी विभागों से संबंधित गतिविधियों की समीक्षा के दौरान कंपनी को पता चला कि उसके मॉडल ने ऐसे कार्य किए थे, जिनके लिए उसे निर्देश नहीं दिया गया था।
## सरकार को जानकारी देने में हुई देरी
अल्बानीज ने बताया कि ओपनएआई ने 10 सितंबर को एक सरकारी विभाग के सामान्य ईमेल पते पर संदेश भेजकर घटना की जानकारी दी। प्रधानमंत्री ने कहा कि कंपनी को सरकार को यह बताने में काफी समय लगा कि वास्तव में क्या हुआ था और जिस तरीके से जानकारी दी गई, वह भी संतोषजनक नहीं था।
अल्बानीज ने ऑल्टमैन से बातचीत के दौरान इस मुद्दे पर ऑस्ट्रेलिया की चिंता और निराशा व्यक्त की।
## जांच समिति करेगी सुरक्षा चूक की पड़ताल
ऑस्ट्रेलियाई सरकार की ओर से गठित जांच समिति घटना से जुड़े विभिन्न पहलुओं की पड़ताल करेगी। इसमें यह भी देखा जाएगा कि एआई एजेंट को सरकारी सूचना प्रणाली तक अनधिकृत पहुंच कैसे मिली और क्या इस मामले में ओपनएआई की कोई जवाबदेही बनती है।
जांच में यह सवाल भी शामिल होगा कि ओपनएआई की ओर से जानकारी दिए जाने से पहले ऑस्ट्रेलियाई सुरक्षा एजेंसियां इस गतिविधि का पता क्यों नहीं लगा सकीं।
प्रधानमंत्री अल्बानीज ने कहा कि प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक किसी निजी जानकारी तक पहुंच नहीं बनाई गई थी।
## एआई एजेंट ने क्या किया?
अल्बानीज के मुताबिक एआई एजेंट ने मेडिकेयर से संबंधित आंकड़ों वाले एक सार्वजनिक पोर्टल तक अनधिकृत पहुंच बनाई। उन्होंने कहा कि प्रारंभिक तौर पर ऐसा माना जा रहा है कि एजेंट की गतिविधि के पीछे व्यावसायिक उद्देश्य हो सकता है।
सरकार यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि एजेंट किस तरह की जानकारी तलाश रहा था और उसने सरकारी वेबसाइट पर कौन-कौन सी गतिविधियां कीं।
## उप प्रधानमंत्री ने क्या कहा?
ऑस्ट्रेलिया के उप प्रधानमंत्री रिचर्ड मार्ल्स ने कहा कि यह पहला ज्ञात मामला है, जिसमें किसी एआई एजेंट ने ऑस्ट्रेलियाई सरकार की सूचना प्रौद्योगिकी प्रणाली तक अनधिकृत पहुंच बनाई हो।
उन्होंने कहा कि घटना का प्रभाव फिलहाल सीमित दिखाई देता है, क्योंकि उपलब्ध जानकारी के अनुसार किसी निजी जानकारी तक पहुंच नहीं बनाई गई। उन्होंने यह भी कहा कि संबंधित सिस्टम सुरक्षित है।
जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि एआई एजेंट की गतिविधि किस स्तर तक पहुंची थी, सुरक्षा व्यवस्था में क्या कमी रही और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए किन उपायों की जरूरत होगी।





















