2029 तक नशे के कारोबार को खत्म करने का लक्ष्य; रैली से पहले बम की धमकी
जालंधर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को जालंधर में भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ के समापन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पंजाब में नशे के मुद्दे पर आम आदमी पार्टी सरकार को घेरा। शाह ने कहा कि भाजपा 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव में नशामुक्त पंजाब के मुद्दे के साथ जनता के बीच जाएगी। उन्होंने कहा कि पंजाब के युवाओं को नशे से बचाने के लिए निर्णायक लड़ाई लड़ी जाएगी।
शाह ने अपने संबोधन में आम आदमी पार्टी पर पंजाब को ‘चिट्टे’ के नशे में धकेलने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा सत्ता में आने पर पंजाब को नशामुक्त बनाने की दिशा में काम करेगी। शाह ने कहा कि केंद्र सरकार ने देश से मादक पदार्थों के कारोबार को खत्म करने के लिए 31 दिसंबर 2029 की समयसीमा तय की है। इससे पहले 22 सितंबर को एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के राष्ट्रीय सम्मेलन में भी शाह ने इसी समयसीमा तक भारत से नशे के कारोबार को जड़ से खत्म करने का लक्ष्य बताया था।
भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ 18 सितंबर को शुरू हुई थी। चार अलग-अलग यात्राओं ने पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों को कवर किया और करीब 4,000 किलोमीटर की दूरी तय की। इन यात्राओं का समापन जालंधर में शाह की जनसभा के साथ हुआ।
रैली से पहले धमकी भरा ईमेल
अमित शाह की रैली से कुछ घंटे पहले जालंधर में सुरक्षा को लेकर भी गंभीर स्थिति सामने आई। कई स्कूलों को धमकी भरे ईमेल मिलने की रिपोर्ट है। ईमेल में रैली स्थल, श्री देवी तालाब मंदिर, अदालत परिसर और कुछ अन्य स्थानों को निशाना बनाने की धमकी दी गई। संदेश में रैली के मंच के नीचे आईईडी होने का भी दावा किया गया था।
हालांकि, धमकी भरे ईमेल में किए गए इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और अब तक इन स्थानों से विस्फोटक बरामद किए जाने की पुष्टि भी नहीं हुई है। घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों और पंजाब पुलिस को अलर्ट किया गया तथा रैली स्थल और आसपास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ाई गई।
नशे के खिलाफ भाजपा का अभियान
भाजपा ने पंजाब में नशे को आगामी विधानसभा चुनाव से पहले प्रमुख राजनीतिक मुद्दा बनाया है। पार्टी की ओर से निकाली गई चार ‘नशा मुक्त पंजाब यात्राओं’ का उद्देश्य नशे के खिलाफ जनजागरूकता अभियान चलाना और इसे राजनीतिक मुद्दे के रूप में सामने रखना था।
रैली से पहले पंजाब पुलिस ने नशीले पदार्थों और अवैध हथियारों की तस्करी से जुड़े तीन मामलों में कार्रवाई की और आरोपियों को गिरफ्तार करने की जानकारी दी। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में आरोपियों के मादक पदार्थों और अवैध हथियारों की सप्लाई से जुड़े होने की बात सामने आई है। मामले की आगे जांच जारी है।
अमित शाह का जालंधर दौरा ऐसे समय हुआ है जब पंजाब में नशे का मुद्दा राजनीतिक बहस का प्रमुख विषय बना हुआ है। भाजपा जहां नशामुक्त पंजाब के अभियान को लेकर सरकार को घेर रही है, वहीं इस मुद्दे पर राज्य में राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप भी जारी हैं।




















