Abhinandan Varthaman News: भारतीय वायुसेना के जांबाज अधिकारी ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। 2019 में पाकिस्तान के F-16 लड़ाकू विमान को मार गिराने के बाद देशभर में चर्चा में आए अभिनंदन ने भारतीय वायुसेना से विदाई ले ली है। जानकारी के मुताबिक, अब वह कमर्शियल एविएशन की दुनिया में अपनी नई पारी शुरू कर चुके हैं। बताया जा रहा है कि अभिनंदन क्षेत्रीय एयरलाइन Fly91 में पायलट के रूप में शामिल हुए हैं।
अगस्त से Fly91 के साथ शुरू की नई पारी
समाचार एजेंसी PTI ने सूत्रों के हवाले से बताया है कि अभिनंदन वर्धमान ने अगस्त 2026 में गोवा स्थित Fly91 के साथ काम शुरू किया। हालांकि, उनकी नियुक्ति और भूमिका को लेकर एयरलाइन की ओर से आधिकारिक तौर पर विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है। Fly91 के प्रवक्ता ने कर्मचारियों से जुड़ी निजी जानकारी का हवाला देते हुए इस मामले पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। Fly91 ने मार्च 2024 में अपनी व्यावसायिक उड़ान सेवाएं शुरू की थीं। कंपनी का संचालन मुख्य रूप से गोवा और हैदराबाद से होता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार एयरलाइन के बेड़े में फिलहाल छह विमान शामिल हैं।
2019 में पाकिस्तानी F-16 को बनाया था निशाना
अभिनंदन वर्धमान का नाम भारतीय सैन्य इतिहास की एक बेहद चर्चित घटना से जुड़ा है। फरवरी 2019 में पुलवामा आतंकी हमले के बाद भारतीय वायुसेना ने 26 फरवरी को पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर एयर स्ट्राइक की थी। इसके अगले दिन पाकिस्तान की वायुसेना ने भारतीय सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश की। 27 फरवरी 2019 को दोनों देशों के लड़ाकू विमानों के बीच हवाई मुठभेड़ हुई। इसी दौरान अभिनंदन ने अपने मिग-21 बाइसन से पाकिस्तानी वायुसेना के एक F-16 विमान को मार गिराया। हालांकि, इस कार्रवाई के दौरान उनका अपना विमान भी दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उन्हें पाकिस्तान में पकड़ लिया गया।
तीन दिन बाद हुई थी भारत वापसी
पाकिस्तान में हिरासत में लिए जाने के बाद अभिनंदन की रिहाई को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव काफी बढ़ गया था। करीब तीन दिन बाद, 1 मार्च 2019 को पाकिस्तान ने उन्हें भारत को सौंप दिया। उनकी वापसी के बाद अभिनंदन देशभर में साहस और कर्तव्यनिष्ठा के प्रतीक बन गए।
वीर चक्र से हुए सम्मानित
अभिनंदन वर्धमान के अदम्य साहस और सैन्य कर्तव्य के प्रति समर्पण को देखते हुए भारत सरकार ने उन्हें वीर चक्र से सम्मानित किया। वर्ष 2021 में उन्हें यह वीरता पुरस्कार प्रदान किया गया था। वीर चक्र युद्धकाल में दिया जाने वाला भारत का तीसरा सर्वोच्च वीरता सम्मान है। अब वायुसेना के बाद विमानन क्षेत्र में उनकी नई भूमिका को लेकर लोगों की नजरें उनके अगले सफर पर टिकी हैं।





















