TMC Leader Ashis Banerjee Death: पश्चिम बंगाल की राजनीति से रविवार को एक चौंकाने वाली खबर सामने आई। राज्य विधानसभा के पूर्व डिप्टी स्पीकर और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ नेता आशीष बनर्जी का शव बीरभूम के रामपुरहाट में पार्टी कार्यालय के अंदर फंदे से लटका मिला। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में लोग पार्टी कार्यालय के बाहर जमा हो गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। मामले की जांच जारी है। रामपुरहाट में आशीष बनर्जी का घर जिस इलाके में है, उसके पास ही पार्टी का स्थानीय कार्यालय भी है। पुलिस के मुताबिक, इसी कार्यालय के अंदर उनका शव मिला। घटनास्थल से एक कथित सुसाइड नोट मिलने की बात भी सामने आई है। हालांकि, पुलिस अभी इस दस्तावेज की जांच कर रही है और उनकी मौत के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं हुई है।
पांच बार रामपुरहाट से विधायक रहे
आशीष बनर्जी लंबे समय तक रामपुरहाट की राजनीति में सक्रिय रहे। वह इस सीट से पांच बार विधायक चुने गए थे और TMC के वरिष्ठ नेताओं में उनकी गिनती होती थी। 2026 के विधानसभा चुनाव में उन्हें बीजेपी के ध्रुबा साहा से हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद उनकी राजनीतिक सक्रियता को लेकर भी चर्चा रही।
विधानसभा के डिप्टी स्पीकर भी रहे
बनर्जी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा में डिप्टी स्पीकर की जिम्मेदारी भी संभाली थी। उनके राजनीतिक सफर के अलावा शिक्षा के क्षेत्र से भी उनका जुड़ाव रहा। उन्होंने बर्दवान विश्वविद्यालय से पीएचडी की थी और राजनीति में आने से पहले रामपुरहाट कॉलेज में एसोसिएट प्रोफेसर के तौर पर काम किया था।
जून में संगठनात्मक पद से दिया था इस्तीफा
आशीष बनर्जी ने इसी साल जून में TMC की बीरभूम जिला कोर कमेटी के चेयरमैन पद से इस्तीफा दे दिया था। हालांकि, उन्होंने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता बनाए रखने की बात कही थी। हालिया विधानसभा चुनाव में बीरभूम की राजनीतिक तस्वीर में भी बड़ा बदलाव देखने को मिला, जिसके बाद जिले में TMC के सामने नई चुनौतियां खड़ी हुईं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और घटनास्थल से मिले कथित नोट की जांच के बाद ही आशीष बनर्जी की मौत की परिस्थितियों को लेकर स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।






















