साढ़े चार साल बाद भी पूरा नहीं हो सका रोडवेज बस डिपो का निर्माण कार्य
प्रवेंद्र शर्मा
एटा/जलेसर। उत्तर प्रदेश शासन द्वारा घुंघरू नगरी जलेसर को दी गई रोडवेज बस डिपो की सौगात को साढ़े चार वर्ष से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन निर्माण कार्य अब तक पूरा नहीं हो सका है। लगभग 7.47 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन रोडवेज बस डिपो एवं कार्यशाला का 90 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा होने के बावजूद इसकी शुरुआत नहीं हो पाई है। नतीजतन, नौ प्रमुख सड़क मार्गों से जुड़े होने के बावजूद शाम ढलते ही जलेसर परिवहन सुविधाओं के अभाव में मानो टापू बन जाता है।
ज्ञात हो कि विधानसभा चुनाव से पूर्व 7 जनवरी 2022 को जलेसर-आगरा मार्ग पर स्थित ग्राम गुदाऊ के निकट रोडवेज बस डिपो एवं कार्यशाला निर्माण का शिलान्यास किया गया था। कार्यक्रम में एटा और कासगंज जनपदों के जनप्रतिनिधियों, सत्तारूढ़ दल के पदाधिकारियों तथा गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया था। उस समय घोषणा की गई थी कि दो वर्षों के भीतर निर्माण कार्य पूर्ण कर डिपो का लोकार्पण कर दिया जाएगा, लेकिन साढ़े चार वर्ष बीतने के बाद भी परियोजना अधूरी पड़ी है।
बसों की राह देख रहा नव निर्मित बस स्टेशन
नगर के तोप चौराहे के निकट स्थित रोडवेज बस स्टेशन को भी उच्चीकृत करते हुए नए भवन का निर्माण कराया जा चुका है। लगभग एक वर्ष पूर्व इसका निर्माण कार्य पूरा हो गया था, लेकिन बस डिपो का निर्माण अधूरा होने के कारण यह अत्याधुनिक भवन आज भी रोडवेज बसों के नियमित संचालन की प्रतीक्षा कर रहा है।
दर्जनभर शहरों से जुड़ा है जलेसर
जलेसर से नौ प्रमुख सड़क मार्ग निकलते हैं, जो लगभग एक दर्जन शहरों को जोड़ते हैं। इनमें जलेसर-अवागढ़-एटा, जलेसर-निधौली-एटा, जलेसर-हाथरस, जलेसर-सादाबाद-मथुरा, जलेसर-आगरा, जलेसर-फिरोजाबाद, जलेसर-सासनी-अलीगढ़, जलेसर-सिकंदराराऊ-कासगंज, जलेसर-हसायन तथा जलेसर-इसौली मार्ग प्रमुख हैं। इसके बावजूद रोडवेज बसों की सीमित उपलब्धता के कारण यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है।
अगस्त तक हो सकता है डिपो का लोकार्पण
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक (एआरएम) एटा, नरेश गुप्ता ने बताया कि जलेसर रोडवेज बस डिपो एवं कार्यशाला का 90 प्रतिशत से अधिक निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। वर्तमान में कार्यशाला परिसर में डीजल चैंबर निर्माण का कार्य तेजी से चल रहा है, जिसके लगभग एक माह में पूर्ण होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि शेष कार्य पूरा होते ही आगामी जुलाई के अंतिम सप्ताह अथवा अगस्त माह में डिपो का लोकार्पण किए जाने की संभावना है।







