उन्नाव। कानपुर-लखनऊ हाईवे पर गदनखेड़ा बाईपास से जाते समय गुजरात के जूना अखाड़े के स्वामी ने बृहस्पतिवार को मवेशी लेकर जा रहीं पांच गाड़ियों को रुकवाया था। मवेशी स्लाटर हाउस ले जाने का पता चलने पर हंगामा हुआ था। बृजवासी गौ रक्षक सेवा के प्रदेश उपाध्यक्ष की तहरीर पर देर रात पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
गुजरात के नंबर एक जूना अखाड़े के स्वामी चंद्रानंदन गिरी बृहस्पतिवार दोपहर सेवकों के साथ कार से लखनऊ जा रहे थे। सदर कोतवाली के गदनखेड़ा बाईपास के पास लाइन से अलग-अलग जिलों की पांच गाड़ियाें में मवेशी लदे मिलने पर उन्हें रुकवाया था। पूछने पर चालकों ने अलग-अलग स्थानों से लाकर मवेशी स्लाटर हाउस ले जाने की बात बताई थी। इस पर हंगामा शुरू हो गया था। स्वामी के साथ रहे बृजवासी गौ रक्षा सेवा के प्रदेश उपाध्यक्ष गंगाघाट कोतवाली के कनिकामऊ गांव निवासी दुर्गेश पांडेय ने पुलिस को बुलाने के बाद वाहनों में लदे मवेशियों की गिनती कराई थी, जिसमें एक में दो, दूसरे वाहन में तीन, तीसरे में सात, चौथे में दो और पांचवें वाहन में 17 मवेशी मिले थे।
सीओ सिटी विनी सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर कानपुर के बेकनगंज निवासी हसीन अहमद, कानपुर देहात के महराजपुर के धमना निवासी हफीज और मध्यप्रदेश के छतरपुर नौगवां निवासी सोमा आदिवासी के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है।








