भाई-भाभी और मासूम भतीजे की हत्या से गोरखपुर दहला
गोरखपुर। “घर में इज्जत नहीं मिली, खाना तक नहीं मिलता था… जेल में कम से कम दो वक्त की रोटी तो मिलेगी।”
यह दर्दनाक बयान उस 17 वर्षीय बाल अपचारी का है, जिस पर गोरखपुर के बांसगांव में अपने ही बड़े भाई, भाभी और चार साल के मासूम भतीजे की हत्या करने का आरोप है। एक परिवार के भीतर पनपी कड़वाहट ने रविवार की रात तीन जिंदगियां निगल लीं और पूरे इलाके को दहला दिया।
आधी रात खून से लाल हुआ घर
बांसगांव नगर पंचायत के वार्ड नंबर सात में रविवार देर रात करीब ढाई बजे अमित गुप्ता (37), उनकी पत्नी रंजना गुप्ता (35) और चार वर्षीय बेटे रेयांश गुप्ता की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। पुलिस के मुताबिक, वारदात को अंजाम देने का आरोप मृतक अमित के छोटे भाई पर है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए।
‘मेरी बात कोई नहीं सुनता था’
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह लंबे समय से खुद को उपेक्षित महसूस कर रहा था। उसका आरोप है कि घर में उसके साथ भेदभाव किया जाता था। पढ़ाई छूटने, आर्थिक परेशानियों और परिवार में अनदेखी से वह परेशान था।
उसने पुलिस को बताया कि पांचवीं तक वह पढ़ाई में अच्छा था, लेकिन आगे पढ़ाई जारी नहीं रख सका। बाद में मजदूरी कर किसी तरह फीस जुटाई और नौवीं तक पढ़ा। इसके बाद दसवीं में फेल होने के बाद वह घर पर रहने लगा।
संपत्ति और पैसों को लेकर बढ़ता गया विवाद
मृतक के पिता हरिलाल गुप्ता ने पुलिस को बताया कि बड़ा बेटा अमित परिवार का सहारा था। वह अंडे और पान की दुकान चलाकर घर का खर्च उठाता था और बीमार माता-पिता का इलाज भी कराता था।
पिता का आरोप है कि छोटा बेटा कारोबार शुरू करने के लिए रुपये मांगता था। मांग पूरी नहीं होने पर घर में विवाद करता था। उन्होंने बताया कि दो महीने पहले भी उसके खिलाफ थाने में शिकायत की गई थी।
मासूम की आंखों के सामने उजड़ गया परिवार
इस खौफनाक वारदात की चश्मदीद मृतक दंपती की मासूम बेटी है। उसने पुलिस को बताया कि रात में परिवार खाना खाने के बाद सो गया था। तभी चाचा हाथ में गंडासा लेकर कमरे में आए और पहले पिता पर हमला किया, फिर मां को मार डाला।
बच्ची ने अपने छोटे भाई को बचाने की गुहार लगाई, लेकिन हमलावर नहीं रुका। कुछ ही पल में उसकी आंखों के सामने उसका परिवार खत्म हो गया।
ग्रामीणों और परिजनों ने पुलिस को बताया कि आरोपी नशे का आदी था और इसी वजह से घर में अक्सर विवाद होता था। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
एसपी साउथ दिनेश पुरी ने बताया कि आरोपी ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल किया है। पुलिस ने उसके पास से कथित तौर पर घटना में इस्तेमाल रॉड और गंडासा बरामद किया है।
गोरखपुर के बांसगांव की यह घटना सिर्फ एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि रिश्तों में बढ़ती कड़वाहट, संवाद की कमी और टूटते पारिवारिक ताने-बाने की दर्दनाक तस्वीर बनकर सामने आई है।







