मुंबई। कांदिवली में अपनी आगामी फिल्म की शूटिंग के दौरान बॉलीवुड के प्रख्यात अभिनेता संजय मिश्रा ने समय निकालकर वरिष्ठ पत्रकार सुमंत मिश्र के घर पहुंचकर उनसे आत्मीय मुलाकात की। लंबे समय बाद हुई इस मुलाकात में दोनों ने परिवार, पुराने दिनों और संघर्ष के दौर की अनेक यादों को साझा किया। मुलाकात का माहौल पूरी तरह अपनत्व, स्नेह और भावनाओं से भरा रहा।
बातचीत के दौरान संजय मिश्रा ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए बताया कि मुंबई में करियर बनाने के शुरुआती दौर में वे कई बार सुमंत मिश्र के यहां रहे थे। उन्होंने उस समय के कई दिलचस्प और प्रेरणादायक किस्से साझा किए, जिनसे यह स्पष्ट हुआ कि कठिन परिस्थितियों में परिवार और अपनों का साथ किसी भी व्यक्ति के लिए सबसे बड़ी ताकत होता है। दोनों भाइयों ने पुरानी यादों को ताज़ा करते हुए कई भावुक पल भी साझा किए।
संजय मिश्रा ने बताया कि वे जल्द ही अपनी लिखी हुई एक पुस्तक लेकर पाठकों के बीच आएंगे। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक उनके जीवन के अनुभवों, संघर्षों और फिल्मी सफर के विभिन्न पहलुओं को समेटे हुए होगी, जिसे पाठकों का भरपूर स्नेह मिलने की उम्मीद है।
इस दौरान उन्होंने अपनी चर्चित फिल्म “भक्षक” का भी उल्लेख किया। इस फिल्म में उनके शानदार अभिनय को व्यापक सराहना मिली है और इसी भूमिका के लिए उन्हें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता (Best Supporting Actor) के सम्मान के लिए चुना गया है। इसे उनके चार दशक से अधिक लंबे अभिनय सफर की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
संजय मिश्रा अपनी सादगी, सहज स्वभाव और दमदार अभिनय के लिए जाने जाते हैं। व्यस्त शूटिंग शेड्यूल के बीच अपने परिवार से मिलने पहुंचना उनके संवेदनशील और जमीन से जुड़े व्यक्तित्व को भी दर्शाता है। यह मुलाकात केवल दो भाइयों का मिलन नहीं थी, बल्कि संघर्ष, रिश्तों, अपनत्व और सफलता के बाद भी परिवार से जुड़े रहने की एक प्रेरक मिसाल बन गई।






