धानापुर ब्लॉक गेट के पास से दो मुख्य आरोपी गिरफ्तार, कटरे की खरीद-बिक्री और रजिस्ट्री को लेकर हुआ था विवाद; हत्या में प्रयुक्त हसिया बरामद
चंदौली। धीना थाना क्षेत्र के डेढ़गावां गांव के पास नहर और सड़क किनारे मिले दो युवकों के शवों के मामले में पुलिस ने दोहरे हत्याकांड का खुलासा किया है। पुलिस ने वारदात में शामिल दो मुख्य आरोपियों सूर्यप्रकाश सिंह (24) और विकास सिंह (34) को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त हसिया भी बरामद किया गया है। पुलिस के मुताबिक, जमीनी विवाद और कटरे की खरीद-बिक्री को लेकर हुए विवाद के बाद दोनों युवकों की हत्या की गई थी।
गौरतलब है कि 22 अक्टूबर को डेढ़गावां गांव के समीप नहर और सड़क किनारे दो अज्ञात युवकों के शव मिले थे। सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने पुलिस, फॉरेंसिक टीम, डॉग स्क्वॉड और सर्विलांस टीम के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया था। शवों के परीक्षण में धारदार हथियार से चोट और गोली लगने के निशान मिले थे। मामले में चौकीदार रामजनम यादव की तहरीर पर धीना थाने में मुकदमा अपराध संख्या 92/2026 के तहत अज्ञात आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 103(1) और 238 में मुकदमा दर्ज किया गया था। बाद में मृतकों की पहचान सिद्धार्थ सिंह (32) निवासी बरहपुर, थाना नंदगंज, गाजीपुर और सागर त्रिपाठी (35) निवासी यशोदा नगर, कानपुर के रूप में हुई थी।
पुलिस की संयुक्त टीम ने सीसीटीवी फुटेज, सर्विलांस डेटा और मैनुअल इंटेलिजेंस की मदद से जांच आगे बढ़ाई। इसी क्रम में धानापुर ब्लॉक परिसर के गेट के पास से सूर्यप्रकाश सिंह और विकास सिंह को गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सामने आया कि 21 अक्टूबर को धानापुर स्थित घनश्याम सिंह के मकान पर शराब और मीट की पार्टी आयोजित की गई थी। इसी दौरान नंदगंज के सादियाबाद मोड़ स्थित सिद्धार्थ के नाम के कटरे की खरीद और रजिस्ट्री को लेकर सिद्धार्थ और रवि सिंह के बीच विवाद हो गया।
पुलिस का आरोप है कि विवाद के बाद रवि सिंह और गोलू सिंह सिद्धार्थ को घर के बाहर सड़क पर ले गए और उसे गोली मार दी। गोली चलने की आवाज सुनकर सागर फोन पर अपने मित्र को घटना की जानकारी देने लगा तो आरोपियों ने उसे भी पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक, सूर्यप्रकाश ने हसिया से सागर का गला रेत दिया, जबकि रवि सिंह ने उसे भी गोली मार दी।
वारदात के बाद आरोपियों ने एक अन्य साथी की मदद से दोनों शवों को ठिकाने लगाने की योजना बनाई। पुलिस के अनुसार, सागर के शव को बोरे में भर दिया गया, जबकि सिद्धार्थ के शव को सूर्यप्रकाश की स्कॉर्पियो में लादा गया। इसके बाद दोनों शवों को डेढ़गावां-जमानिया बॉर्डर के पास ले जाया गया। वहां सिद्धार्थ का शव पुलिया के पास फेंक दिया गया, जबकि करीब एक किलोमीटर दूर सागर का शव बोरे सहित नहर में फेंक दिया गया। इसके बाद आरोपी वाराणसी की ओर चले गए।
पुलिस ने गिरफ्तार सूर्यप्रकाश की निशानदेही पर डेढ़गावां के पास झाड़ी से हत्या में प्रयुक्त हसिया बरामद किया है। पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
गिरफ्तारी करने वाली टीम में धीना थाना प्रभारी त्रिवेणी लाल सेन, उपनिरीक्षक बृजेश कुमार मिश्रा सहित धीना और धानापुर थानों के पुलिसकर्मी शामिल रहे।





















