श्रावस्ती में राप्ती नदी का रौद्र रूप लगातार भयावह होता जा रहा है। तेज जलप्रवाह और कटान की चपेट में करोड़ों रुपये की लागत से बना सिसवारा सेतु और उसका एप्रोच मार्ग आ गया है। नदी का कटान तेजी से एप्रोच मार्ग की ओर बढ़ रहा है, जिससे पुल की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। बताया जा रहा है कि करीब 37.57 करोड़ रुपये की लागत से बने पुल के एप्रोच मार्ग पर कटान का खतरा गंभीर हो गया है। राप्ती नदी लगातार मिट्टी काटते हुए मार्ग के करीब पहुंच रही है। स्थिति को देखते हुए प्रशासन और सेतु विभाग ने बचाव कार्य तेज कर दिया है।
दिन हो या रात, पुल को बचाने की जंग जारी है। पूरी रात सैकड़ों मजदूरों को लगाकर युद्धस्तर पर बचाव कार्य किया गया। जेई और एई की निगरानी में कर्मचारी लगातार मौके पर डटे हुए हैं। कटान को रोकने के लिए बोरियों, ईंट और मिट्टी का सहारा लिया जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने भी संज्ञान लिया है, जबकि सेतु निगम की टीम लगातार मौके पर मौजूद रहकर स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
राप्ती नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज कटान के बीच करोड़ों रुपये के सिसवारा पुल को सुरक्षित बचाना विभाग के लिए किसी अग्निपरीक्षा से कम नहीं है। प्रशासन और सेतु विभाग की टीमें लगातार प्रयास कर रही हैं कि कटान को एप्रोच मार्ग तक पहुंचने से पहले ही रोका जा सके।






















