पिता के निधन के बाद संघर्ष कर हासिल की सफलता
रिपोर्टर -:अभिनव यादव
उन्नाव के हसनगंज क्षेत्र की रहने वाली आकांक्षा शुक्ला ने उत्तर प्रदेश पुलिस उपनिरीक्षक (दरोगा) भर्ती परीक्षा में पहले ही प्रयास में सफलता हासिल कर परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन किया है। पिता के निधन के बाद कठिन परिस्थितियों में भी उन्होंने हार नहीं मानी और अपनी मेहनत व लगन के दम पर यह उपलब्धि हासिल की।
पहले प्रयास में मिली सफलता
हसनगंज ब्लॉक के जिंदासपुर गांव निवासी एवं बीएससी की छात्रा आकांक्षा शुक्ला ने बताया कि उन्होंने पहली बार उत्तर प्रदेश पुलिस उपनिरीक्षक भर्ती परीक्षा में भाग लिया था। नियमित अध्ययन और निरंतर मेहनत के बल पर उन्हें पहले ही प्रयास में सफलता मिली।
आकांक्षा ने अपनी उपलब्धि का श्रेय अपनी मां, परिवार के सदस्यों के सहयोग और अनुशासित तैयारी को दिया।
पिता के निधन के बाद भी नहीं छोड़ा लक्ष्य
आकांक्षा चार भाई-बहनों में तीसरे स्थान पर हैं। उनके बड़े भाई अभिषेक शुक्ला भारतीय वायुसेना में दिल्ली में तैनात हैं, जबकि छोटे भाई आदर्श शुक्ला लेखपाल के पद पर कार्यरत हैं। उनकी मां विमला शुक्ला शिक्षामित्र हैं।
करीब एक वर्ष पहले उनके पिता नागेश शुक्ला का हार्ट अटैक से निधन हो गया था। इस कठिन दौर के बावजूद आकांक्षा ने अपने लक्ष्य से समझौता नहीं किया और लगातार तैयारी जारी रखी। उनकी मेहनत ने उन्हें सफलता दिलाई।
सम्मानित हुईं आकांक्षा
दरोगा भर्ती में चयन की सूचना मिलने पर समाजसेवी आशीष मिश्रा ‘अनु’ और नर सेवा नारायण सेवा के संस्थापक विमल द्विवेदी उनके घर पहुंचे। उन्होंने आकांक्षा को शॉल और पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मानित किया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
आकांक्षा की सफलता से पूरे गांव और क्षेत्र में खुशी का माहौल है। उनकी उपलब्धि उन युवाओं के लिए प्रेरणा है, जो विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपने सपनों को साकार करने का प्रयास कर रहे हैं।







