चंदौली: सड़क सुरक्षा को मजबूत करने और बढ़ते ध्वनि प्रदूषण पर नियंत्रण लगाने के उद्देश्य से चंदौली पुलिस ने शुक्रवार को जनपद के विभिन्न थाना क्षेत्रों में विशेष जागरूकता अभियान चलाया। अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने के लिए जागरूक किया और वाहनों में लगाए गए अवैध प्रेशर हॉर्न तथा मॉडिफाइड साइलेंसर का इस्तेमाल न करने की अपील की।
तेज आवाज वाले हॉर्न और साइलेंसर से बढ़ता है ध्वनि प्रदूषण
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रेशर हॉर्न और तेज आवाज करने वाले मॉडिफाइड साइलेंसर न केवल नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि इनसे ध्वनि प्रदूषण भी बढ़ता है। तेज आवाज से सड़क पर चलने वाले लोगों के साथ-साथ मरीजों, बुजुर्गों और विद्यार्थियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। पुलिस ने वाहन चालकों को समझाया कि अनावश्यक तेज आवाज वाले उपकरणों का प्रयोग समाज के लिए नुकसानदायक है और इससे दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ सकती है।
नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई
अभियान के दौरान पुलिसकर्मियों ने लोगों को बताया कि मोटर वाहन अधिनियम के तहत प्रेशर हॉर्न और अवैध मॉडिफाइड साइलेंसर का इस्तेमाल प्रतिबंधित है। ऐसे उपकरणों का प्रयोग करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ चालान सहित अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि वाहन चलाते समय नियमों का पालन करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। सुरक्षित ड्राइविंग, नियंत्रित गति और यातायात नियमों का पालन कर सड़क दुर्घटनाओं को काफी हद तक रोका जा सकता है।
लगातार जारी रहेगा जागरूकता और कार्रवाई अभियान
चंदौली पुलिस ने लोगों से अपील की कि वे अपने वाहनों में किसी भी प्रकार के अवैध बदलाव न कराएं और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में सहयोग करें। पुलिस ने स्पष्ट किया कि जनपद में प्रेशर हॉर्न और मॉडिफाइड साइलेंसर के खिलाफ जागरूकता अभियान के साथ-साथ जांच और कार्रवाई की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। पुलिस का कहना है कि अभियान का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि लोगों को यातायात नियमों और ध्वनि प्रदूषण के दुष्प्रभावों के प्रति जिम्मेदार बनाना है।





