चार सगे भतीजों सहित आठ के विरुद्ध मुकद्दमा दर्ज,तीन जेल भेजे
जलेसर (एटा)। सोमवार सुबह लगभग 6:15 बजे कोतवाली क्षेत्र के गांव पुनहेरा में डेढ़ बीघा जमीन के विवाद को लेकर लगभग 65 वर्षीय अमर सिंह की उनके सगे भतीजों सहित अन्य लोगों द्वारा घर में घुसकर हत्या कर दी गई। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने मृतक के चार सगे भतीजों सहित आठ लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वहीं, पीड़ित परिजनों ने कोतवाली पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह लगभग 6:15 बजे अमर सिंह पुत्र बीरी सिंह के घर में उनके सगे भतीजे पुष्पेंद्र कुमार उर्फ पिंकी, दिनेश कुमार, प्रेमवीर तथा हेमंत कुमार उर्फ नेता पुत्रगण सोरन सिंह, भरत सिंह पुत्र आनंदी लाल, गौतम पुत्र भरत सिंह एवं बलदेव पुत्र यादराम निवासी पुनहेरा, अपने कुछ अज्ञात साथियों के साथ एक राय होकर लाठी-डंडे, तमंचा, फरसा और सब्बल आदि हथियार लेकर घर में घुस आए। आरोप है कि उन्होंने जान से मारने की नीयत से अमर सिंह पर हमला कर दिया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं और उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई।
अमर सिंह को बचाने के लिए आईं वैष्णवी और वंशिका पुत्री महेशपाल सिंह तथा कीर्ति पुत्री भगवान सिंह भी हमले में गंभीर रूप से घायल हो गईं। शोर सुनकर गांव के भगवान सिंह, महेशपाल सिंह पुत्रगण पीतांबर सिंह तथा अन्य ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिन्हें आता देख आरोपी हथियार लहराते हुए जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गए।
घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस के साथ अपर पुलिस अधीक्षक श्वेताभ पांडेय एवं क्षेत्राधिकारी ज्ञानेन्द्र प्रताप सिंह भी मौके पर पहुंच गए। एएसपी के निर्देश पर पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
डेढ़ बीघा जमीन को लेकर था विवाद
बताया गया है कि मृतक अमर सिंह और सोरन सिंह सगे भाई थे। अमर सिंह की डेढ़ बीघा जमीन पर सोरन सिंह के पुत्रों ने कथित रूप से जबरन कब्जा कर रखा था। काफी प्रयासों के बावजूद जब भतीजों ने जमीन का कब्जा नहीं छोड़ा, तब अमर सिंह ने 14 जनवरी 2026 को उक्त जमीन का बैनामा गांव के ही महेशपाल सिंह पुत्र पीतांबर सिंह के नाम कर दिया था।
परिजनों के अनुसार, इसी बात को लेकर पुष्पेंद्र कुमार उर्फ पिंकी, दिनेश कुमार, प्रेमवीर और हेमंत कुमार उर्फ नेता उनसे रंजिश मानने लगे थे। आरोप है कि वे अन्य लोगों के साथ मिलकर विक्रय की गई भूमि पर कब्जा करने का प्रयास करते रहते थे।
पुलिस समय पर कार्रवाई करती तो नहीं होती हत्या : परिजन
मृतक के परिजनों का आरोप है कि अमर सिंह की हत्या से एक दिन पहले, रविवार सुबह लगभग 9 बजे, आरोपियों ने जबरन घर में घुसकर तोड़फोड़ की थी तथा घर में रखी नकदी और जेवरात भी निकाल लिए थे। पीड़ित पक्ष ने इसकी शिकायत थाना जलेसर में दर्ज कराते हुए रिपोर्ट लिखने और कानूनी कार्रवाई की मांग की थी।
परिजनों का आरोप है कि कोतवाली पुलिस ने शिकायत पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की, जिससे आरोपियों के हौसले बुलंद हो गए। उनका कहना है कि यदि पुलिस समय रहते कार्रवाई करती, तो 24 घंटे बाद दिनदहाड़े घर में घुसकर अमर सिंह की हत्या जैसी घटना नहीं होती।








