बाराबंकी: जिले के दरियाबाद कोतवाली क्षेत्र के गुलचप्पा कलां (अलियाबाद) गांव में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। मदरसे पढ़ने जा रहे बच्चों पर अचानक एक जर्जर ईंटों की दीवार भरभराकर गिर गई। हादसे में दो मासूम बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है।
गली से गुजर रहे थे बच्चे, तभी हुआ हादसा
जानकारी के मुताबिक, सुबह के समय बच्चे रोज की तरह मदरसे जाने के लिए घर से निकले थे। जैसे ही वे गांव की एक गली से होकर गुजर रहे थे, तभी वहां बनी पुरानी और कमजोर ईंटों की दीवार अचानक गिर गई। दीवार के मलबे में कई बच्चे दब गए। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया और मलबे में दबे बच्चों को बाहर निकालने का प्रयास किया।
दो बच्चों की मौत, तीन गंभीर घायल
इस हादसे में 7 वर्षीय हुजैफा और 14 वर्षीय हाजरा बानो की मौत हो गई। वहीं, हस्सान, हानिया और मोहम्मद अदनान गंभीर रूप से घायल हो गए। घायल बच्चों को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और राहत कार्यों की जानकारी ली।
ग्रामीणों ने पहले ही दी थी चेतावनी
ग्रामीणों का कहना है कि जिस दीवार के गिरने से यह हादसा हुआ, वह काफी समय से जर्जर हालत में थी। दीवार एक तरफ झुक चुकी थी और कभी भी गिरने का खतरा बना हुआ था। स्थानीय लोगों के अनुसार, उन्होंने कई बार संबंधित विभाग और प्रशासन को इस खतरे के बारे में जानकारी दी थी और जर्जर दीवार को हटाने की मांग भी की थी। ग्रामीणों का आरोप है कि समय रहते कार्रवाई नहीं होने के कारण यह हादसा हुआ।
जांच में जुटा प्रशासन
हादसे के बाद प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि घटना के कारणों की जांच की जा रही है। अगर किसी की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस और प्रशासन की टीम पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है। वहीं, हादसे में बच्चों की मौत से परिवारों में शोक का माहौल है।






