Gorakhpur Crime News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। आरोप है कि डायल 112 में तैनात एक सिपाही ने जिला अस्पताल से एक नाबालिग बच्ची को बहाने से अपने साथ ले जाकर उसके साथ गंभीर अपराध किया और उसकी हत्या कर दी। घटना के सामने आने के बाद लोगों में भारी नाराजगी है और आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की जा रही है। मामले में आरोपी सिपाही अभिषेक यादव को पुलिस ने हिरासत में लिया है। गुरुवार को जब उसे मेडिकल जांच के लिए जिला अस्पताल लाया गया तो वहां मौजूद कुछ कर्मचारियों ने विरोध जताते हुए उसके साथ मारपीट कर दी।
पुलिस पूछताछ में सामने आई घटना की जानकारी
पुलिस के अनुसार, आरोपी सिपाही ने पूछताछ में बताया कि मंगलवार को उसकी ड्यूटी सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक गोरखनाथ क्षेत्र में लगी थी। ड्यूटी खत्म होने के बाद वह रात में जिला अस्पताल पहुंचा था। आरोप है कि वहीं उसकी नजर बच्ची पर पड़ी और उसने उसे घर पहुंचाने का झांसा दिया। इसके बाद वह बच्ची को अपने साथ लेकर चला गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटनाक्रम से जुड़े सभी पहलुओं को खंगाल रही है।
परिवार ने जताई लापरवाही की आशंका
परिजनों के मुताबिक, जब बच्ची काफी देर तक घर नहीं पहुंची तो उन्होंने उसकी तलाश शुरू की। इसी दौरान उसकी बहन ने बताया कि एक पुलिस वर्दी पहने व्यक्ति अस्पताल में मौजूद था, जिसने घर छोड़ने की बात कही थी। परिजनों का आरोप है कि शिकायत के बाद शुरुआती स्तर पर कार्रवाई में देरी हुई। उनका कहना है कि समय रहते तलाश शुरू होती तो शायद बच्ची को बचाया जा सकता था।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
घटना के बाद परिवार गहरे सदमे में है। परिजनों ने बताया कि बच्ची पढ़ाई में अच्छी थी और उसका सपना डॉक्टर बनने का था। वह अपनी मां की तबीयत को लेकर हमेशा चिंतित रहती थी और आगे चलकर उनका इलाज करने की बात कहती थी। परिवार में एक तरफ बच्ची को खोने का दर्द है, वहीं दूसरी ओर उसी दिन घर में नए सदस्य का जन्म भी हुआ। इस वजह से परिवार की खुशियां भी मातम में बदल गईं।
आरोपी सिपाही का पुराना रिकॉर्ड भी जांच के घेरे में
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी सिपाही अभिषेक यादव 2016 बैच का कांस्टेबल है और उसकी नियुक्ति वर्ष 2018 में हुई थी। पुलिस का कहना है कि उसके पुराने रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, आरोपी के खिलाफ पहले भी एक छेड़खानी का मामला दर्ज हो चुका है, जिसमें उसे जेल भेजा गया था। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
प्रशासन ने सख्त कार्रवाई का दिया भरोसा
घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच तेज कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।







