अमरोहा: उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले के नौगावां सादात कस्बे में रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई। लंबी बीमारी के बाद एक बुजुर्ग की मृत्यु हो गई, लेकिन अंतिम संस्कार से पहले ही उनके चार बेटे पैतृक मकान के बंटवारे को लेकर आपस में भिड़ गए। विवाद इतना बढ़ गया कि पूरी रात शव घर में ही रखा रहा और अंतिम संस्कार नहीं हो सका।
बताया गया कि बुजुर्ग की पत्नी का पहले ही निधन हो चुका था। उनके नाम पर मौजूद छोटे मकान में चारों बेटे अलग-अलग हिस्सों में रह रहे थे। रविवार को बुजुर्ग के निधन के बाद जब अंतिम संस्कार की तैयारियां चल रही थीं, तभी संपत्ति के स्वामित्व को लेकर भाइयों के बीच विवाद शुरू हो गया। एक बेटे ने पूरे मकान पर अपना अधिकार जताते हुए पुलिस को बुला लिया।
मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी पक्षों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका। विवाद के कारण रिश्तेदार भी वापस लौट गए और शव पूरी रात घर में ही रखा रहा।
सोमवार सुबह स्थानीय लोगों की पहल पर पंचायत बुलाई गई। पंचायत ने फैसला दिया कि पहले दिवंगत बुजुर्ग का सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार किया जाए, जबकि संपत्ति का विवाद बाद में आपसी सहमति या कानूनी प्रक्रिया से सुलझाया जाएगा। सभी पक्ष इस निर्णय पर सहमत हुए, जिसके बाद सोमवार दोपहर तिगरी गंगा घाट पर अंतिम संस्कार संपन्न कराया गया।
घटना के बाद पूरे इलाके में इस बात की चर्चा रही कि पिता के निधन के तुरंत बाद संपत्ति को लेकर परिवार में विवाद खड़ा हो गया।






