अवैध कारोबार पर अंकुश लगा पाने में तहसील प्रशासन नाकाम।
अवैध खनन करते ट्रैक्टर ट्रॉली चम्पत,एक जेसीबी पकड़ी।
एटा/जलेसर। बीते लगभग दो साल से तहसील जलेसर क्षेत्र में अवैध खनन का अवैध कारोबार निरंतर विकराल होता जा रहा है। खनन माफियाओ द्वारा रात दिन इस अवैध धंधे को अंजाम दिया जाता जा रहा है। कार्रवाई के नाम पर या तो महीनेदारी नहीं देने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की जाती है या फिर छापेमारी से पूर्व खनन माफियाओ को अलर्ट कर दिया जाता है। जिससे खनन माफिया समय रहते कहां स्थल से हट जाते हैं। परिणामस्वरूप तहसील प्रशासन राजस्व अधिकारियों एवं कर्मचारियों की खनन माफियाओ से सांठ गांठ के चलते इस अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने में नाकाम साबित हो रहा है। शनिवार रात्रि में भी कमोवेश ऐसा ही घटित हुआ। जहां तहसील प्रशासन को एक मात्र जेसीबी मशीन ही मौके पर मिली जबकि ट्रैक्टर ट्रॉली पहले ही गायब हो गये।
शनिवार – रविवार की रात्रि में लगभग डेढ़ बजे कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मुढ़ई प्रहलाद नगर में अवैध मिट्टी खुदाई होने की शिकायत पर छापेमारी की गयी। उपजिलाधिकारी पीयूष रावत के नेतृत्व में तहसीलदार संदीप सिंह एवं राजस्व टीम के मौके पर पहुंचने पर बिना वैध अनुमति के एक जेसीबी मशीन खड़ी हुई मिली। राजस्व टीम द्वारा किए गये स्थलीय जांच में मौके से मिट्टी की खुदाई होना पाया गया। जबकि संबंधित
कार्य के लिए कोई वैध अनुमति प्रस्तुत नहीं की गई।
इन मार्गों पर रात दिन होता है अवैध खनन।
ग्रामीण सूत्रों की माने तो तहसील क्षेत्र में जलेसर – सिकंदराराऊ मार्ग, जलेसर सासनी मार्ग, जलेसर – हाथरस एवं सादाबाद मार्ग तथा जलेसर निधौली कलां मार्ग अवैध खनन के हब बन गए हैं। इन मार्गों पर अधिकांशतः दिन रात अवैध खनन माफियाओ द्वारा अवैध खनन किया जाता है। लेकिन ग्रामीणों की शिकायतों के बावजूद राजस्व विभाग के अधिकारी अवैध खनन पर अंकुश लगाने की जहमत नहीं उठा पा रहे हैं।







