अयोध्या। अयोध्या-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-27) पर आवागमन को आसान और सुरक्षित बनाने की दिशा में छह स्थानों पर अंडरपास निर्माण को स्वीकृति मिली है। पूर्व सांसद लल्लू सिंह के मुताबिक, उन्होंने वर्ष 2023 में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को पत्र भेजकर इन स्थानों पर अंडरपास बनाने की मांग की थी। पत्र में स्थानीय लोगों को सड़क पार करने में होने वाली परेशानी और दुर्घटनाओं की आशंका का हवाला देते हुए अंडरपास निर्माण का आग्रह किया गया था।
स्वीकृत स्थानों में भिटरिया, रानीमऊ, कूड़ा सादात, भेलसर, सत्ती चौरा और अरकुना शामिल हैं। इन स्थानों पर अंडरपास बनने से राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों ओर बसे गांवों के लोगों को आवागमन में सुविधा मिलने की उम्मीद है। साथ ही स्थानीय लोगों को मुख्य राजमार्ग पर सीधे सड़क पार करने की जरूरत कम होगी, जिससे यातायात व्यवस्था को भी बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।
पूर्व सांसद लल्लू सिंह ने स्वीकृति के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि इन स्थानों पर अंडरपास की मांग लंबे समय से क्षेत्रवासियों की प्रमुख जरूरत रही है। उनके मुताबिक, अंडरपास बनने से हजारों लोगों को रोजाना आवागमन में राहत मिलेगी और सड़क पार करते समय होने वाले जोखिम को कम किया जा सकेगा।
लल्लू सिंह ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों ओर लोगों की रोजमर्रा की आवाजाही बनी रहती है, ऐसे में सुरक्षित रास्ता उपलब्ध होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि अंडरपास बनने के बाद किसानों, स्थानीय निवासियों और राहगीरों को मुख्य राजमार्ग पर जोखिम उठाकर सड़क पार करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उन्होंने अयोध्या के लोगों की ओर से केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री के प्रति आभार भी व्यक्त किया।





















