तीन साल के बेटे ने दी पिता को मुखाग्नि, गांव में मातम
एटा/जलेसर। जलेसर कोतवाली क्षेत्र के गांव नोह खास में विद्युत पोल में करंट उतरने से एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद जब शव गांव पहुंचा तो पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। अंतिम संस्कार के दौरान तीन वर्षीय बेटे द्वारा अपने पिता को मुखाग्नि देने का मार्मिक दृश्य देखकर हर किसी की आंखें नम हो गईं।
जानकारी के अनुसार, गांव नोह खास निवासी कुलदीप (38) पुत्र जोधन सिंह रविवार शाम करीब पांच बजे खेत से काम कर घर लौट रहे थे। घर के पास गली में उनका पैर फिसल गया और संतुलन बिगड़ने पर उनका हाथ कथित रूप से करंट प्रवाहित हो रहे विद्युत पोल से छू गया। करंट की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गए।
परिजन उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) जलेसर लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलने पर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अखिलेश दीक्षित पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने के बाद परिजनों की तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना के बाद ग्रामीणों में विद्युत विभाग के प्रति आक्रोश व्याप्त है।
तीन वर्षीय बेटे ने दी पिता को मुखाग्नि
सोमवार तड़के पोस्टमार्टम के बाद जैसे ही कुलदीप का शव घर पहुंचा, परिजनों में कोहराम मच गया। अंतिम संस्कार के दौरान उनके तीन वर्षीय पुत्र ने पिता को मुखाग्नि दी। यह हृदय विदारक दृश्य देखकर अंतिम यात्रा में शामिल लोगों की आंखें नम हो गईं।
मृतक अपने पीछे पत्नी, पांच वर्षीय पुत्री, तीन वर्षीय पुत्र, मां, बड़े भाई और अन्य परिजनों को छोड़ गए हैं।
36 साल बाद परिवार पर फिर टूटा दुखों का पहाड़
गांव के पूर्व प्रधान एवं मृतक के परिजन जगदीश चंद्र माहौर ने बताया कि कुलदीप के पिता जोधन सिंह का भी लगभग वर्ष 1990 में कम उम्र में निधन हो गया था। उस समय कुलदीप की उम्र मात्र दो वर्ष थी। अब करीब 36 वर्ष बाद परिवार को फिर वैसा ही गहरा सदमा झेलना पड़ा है।







